ब्लॉग छत्तीसगढ़

Popular Posts

30 June, 2010

पंडवानी की वेदमति व कापालिक शैली

छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक परंपराओं से मेरा मोह बचपन से रहा है। इसी मोह से पंडवानी और दूसरे लोकरंजन में मेरी रूचि पैदा हुई है। हम बचपन से विभि...

28 June, 2010

लोकगीत 'बखरी के तूमा नार बरोबर मन झुमरे' हिन्‍दी अनुवाद और वीडियो

बखरी के तूमा नार बरोबर मन झुमरै डोंगरी के पाके चार ले जा लाने दे बे. मया के बोली भरोसा भारी रे कहूँ दगा देबे राजा लगा लेहूँ फॉंसी. बखरी ...

25 June, 2010

पारंपरिक छत्‍तीसगढ़ी गीत हिन्‍दी अनुवाद सहित : हो गाड़ी वाला रे....

हो गाड़ी वाला रे ....  पता ले जा रे, पता दे जा रे, गाड़ी वाला पता ले जा, दे जा, गाड़ी वाला रे ....  तोर गॉंव के, तोर नाव के, तोर काम के, पता...

11 June, 2010

हबीब तनवीर के ख्‍यात नाचा कलाकार गोविंद निर्मलकर लौटाएंगे पद्मश्री

आज के सांध्‍य दैनिक में इस समाचार को पढ़कर मैं सकते में आ गया अभी दो दिन पहले ही हबीब तनवीर जी की पुण्‍यतिथि पर साथी ब्‍लॉगरों नें पोस्‍ट लग...

शिखर शोध निदेशक डॉ. विनय कुमार पाठक

महाविद्यालयीन प्राध्‍यापक, साहित्‍यकार, समीक्षक, कवि डॉ. श्री विनयकुमार पाठक का आज जन्‍म दिन है. मेरे इस ब्‍लॉग के पाठकों को इसी बहाने आज आ...

08 June, 2010

क्‍या नशेबो फराज थे तनवीर, जिन्‍दगी आपने गुजार ही दी : यादें हबीब तनवीर

सात साल की उम्र में ‘मोहब्‍बत के फूल’ नाटक को देखकर एक बालक के मन में अभिनय की ललक जो जागृत हुई वह निरंतर रही, बालक नाचते गाते अपनी तोतली जु...